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चंदौली के कोतवाल पर लगा अपने ही सिपाही की हत्या का आरोप, सीएम से की शिकायत

चंदौली के कोतवाल पर लगा अपने ही सिपाही की हत्या का आरोप, सीएम से की शिकायत

चंदौली। काशीलाइव

चंदौली पुलिस आजकल अपने कारनामों से चर्चा में है। बीते दिनों ने मुगलसराय थाने की ओर से की जाने वाली वसूली की पूरी लिस्ट आइपीएस अमिताभ ठाकुर ने जारी करते हुए जांच की मांग की थी। अब मुगलसराय के कोतवाल पर सीधे पुलिसकर्मी की ही हत्या का आरोप लगा है। मृत सिपाही के पिता ने इंस्पेक्टर शिवानंद मिश्र समेत अन्य दोषी पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई की मांग करते हुए उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पत्र लिखा है। पिता का दावा है कि इंस्पेक्टर ने केस वापस नहीं लेने पर रोड एक्सीडेंट या किसी अन्य हादसे में मारने की धमकी तक दे डाली।

इंस्पेक्टर ने मारा था थप्पड़, रहस्यमय हालात में मृत मिला था सिपाही-
बांदा जिले के मूल निवासी आशुतोष मिश्र बीते फरवरी माह में मुगलसराय थाने में मुंशी के पद पर तैनात था। 19 फरवरी को आशुतोष के पिता को सूचना मिलती है कि उनके बेटे ने खुद को गोली मारकर आत्महत्या कर ली है।

बेटे से रंजिश रखते थे कुछ पुलिसवाले-
बांदा निवासी जगदीश मिश्र ने मुख्यमंत्री को भेजे पत्र में चंदौली में तैनात इंस्पेक्टर शिवानंद मिश्र व अन्य तीन पुलिसकर्मियों पर बेटे की हत्या का आरोप लगाते हुए पूरे मामले को आत्महत्या में बदलने का गंभीर आरोप लगाया है। दावा किया है कि कोतवाली इंस्पेक्टर शिवानंद व तीन अन्य पुलिसवाले उनके बेटे आशुतोष से रंजिश रखते थे।  
जगदीश मिश्र का दावा है कि घटना से एक दिन पहले इंस्पेक्टर ने थाने में ही उनके बेटे को थप्पड़ मारा था। उनके बुरे कामों में बेटा शामिल नहीं हुआ तो उसी थाने के दीवान ने उसकी बाइक तक सीज कर दी। इसको लेकर इंस्पेक्टर के साथ मिले पुलिसकर्मियों ने आशुतोष को प्रताड़ित किया। रात में बेटे ने फोन करके आपबीती सुनाई थी। हम लोग परेशान थे कि इस बीच उसकी मौत की खबर आई।

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पत्र और बुलेट गायब
संदिग्ध परिस्थितियों में मृत आशुतोष के पिता जगदीश ने चंदौली पुलिस पर बेटे की हत्या का संगीन आरोप लगाते हुए बताया कि उसके बेटे के शव के पास बरामद पत्र को गायब कर दिया गया। बेटे के शरीर से निकले बुलेट को भी गायब कर दिया गया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में भी उल्लेखित कुछ तथ्यों को पेन से काटा गया है। बेटे के शरीर के पास से मिली राइफल भी इशारा कर रही थी उसकी हत्या की गई थी।

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शिकायत वापस लेने को बनाया दबाव, दी धमकी-
जगदीश मिश्र का आरोप है कि जब बेटे की हत्या के मामले में उन्होंने उच्चाधिकारियों से शिकायत की तो इंस्पेक्टर ने शिकायत वापस लेने का दबाव बनाया। कहा कि तुम्हारे साथ भी हादसा हो सकता है। सड़क दुर्घटना में भी मारे जा सकते हो। बेटे की मौत का सच पता लगाने आए पिता धमकी सुनकर चले गए और इसकी जानकारी उच्चाधिकारियों को दी। मृत सिपाही के पिता जगदीश ने 27 सितंबर को फिर मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर मामले की जांच किसी एजेंसी से कराने की है।

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शासन को भेजी जानी है रिपोर्ट-
एसपी चंदौली से जब इस संबंध में जानकारी लेनी चाही गई तो उनका फोन व्यस्तता के कारण नहीं उठा। एएसपी ने बताया में मजिस्ट्रेटी जांच चल रही थी जिसकी रिपोर्ट शासन को भेजी जानी थी। 



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